वन विभाग में पदस्थ पशु चिकित्सकों की सेवाएं नहीं हुईं बहाल!

 

 

 

 

(ब्यूरो कार्यालय)

भोपाल (साई)। वन विहार नेशनल पार्क समेत प्रदेश के टाईगर रिज़र्व व चिड़िया घरों में कार्यरत 09 पशु चिकित्सकों की प्रति नियुक्ति बहाल नहीं की जा रही है। ये चिकित्सक पशु पालन विभाग के हैं जो सालों से वन विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। इनमें पेंच नेशनल पार्क में पदस्थ पशु चिकित्सक डॉ.अखिलेश मिश्रा भी शामिल हैं।

ज्ञातव्य है कि फरवरी में इन्हें विभाग ने वापस बुला लिया था। इस पर वन विभाग ने आपत्ति ली थी और इन चिकित्सकों को अभी तक रिलीव नहीं किया गया है। चिकित्सकों की प्रति नियुक्ति बहाल करने पर दोनों विभागीय मंत्रियों के बीच चर्चा हुई थी, लेकिन अभी तक उन्हें बहाल नहीं किया जा रहा है। हालांकि ये चिकित्सक पूर्व की तरह अभी भी टाईगर रिज़र्व व चिड़िया घरों में ही काम कर रहे हैं।

ये चिकित्सक प्रति नियुक्ति पर साल 2001 के बाद से प्रदेश के टाईगर रिज़र्व व चिड़िया घरों में सेवाएं दे रहे हैं। वन विभाग ने इन्हें देश के अंदर व विदेशों में प्रशिक्षण दिलाया है। इन चिकित्सकों के द्वारा बाघ व बारहसिंगा के संरक्षण में प्रदेश को देश – विदेश में नाम दिलाया गया है।

इनमें वन विहार नेशनल पार्क के डॉ.अतुल गुप्ता, सतपुड़ा टाईगर रिज़र्व के डॉ.गुरुदत्त शर्मा, पन्ना रिजर्व के डॉ.एस.के. गुप्ता, पेंच के डॉ.अखिलेश मिश्रा, माधव नेशनल पार्क के डॉ.जीतेंद्र जाटव, कान्हा रिज़र्व के डॉ..एस.के. अग्रवाल, बाँधवगढ़ रिजर्व के डॉ.नितिन गुप्ता, संजय गाँधी रिज़र्व के डॉ.अभय सेंगर, मुकुंदपुर चिड़िया घर के डॉ.राजेश तोमर शामिल हैं।