डॉ.धर्डे ने मारा था पहले चांटा : पाराशर

 

 

सुलगने लगा लखनादौन में चिकित्सकों के बीच हुआ विवाद

(अय्यूब कुरैशी)

सिवनी (साई)। बुधवार को लखनादौन के सिविल अस्पताल में सीएमएचओ डॉ.के.सी. मेश्राम की उपस्थिति में डीएचओ डॉ.एम.एस. धर्डे एवं डॉ.जे.पी.एस. परतेती के बीच हुई हाथापाई का मामला अब गर्माता दिख रहा है। कहा जा रहा है कि मारपीट की शुरूआत डीएचओ डॉ.मधुसूदन धर्डे के द्वारा की गयी थी।

न्यू बहुउद्देशीय कर्मचारी संघ के प्रांत उपाध्यक्ष अभय पाराशर एवं जिला अध्यक्ष लीलाधर राहंगडाले द्वारा जारी विज्ञप्ति में उक्ताशय की बात कही गयी है। इन्होंने बताया कि 17 जुलाई को सुबह सिविल अस्पताल लखनादौन में पदस्थ डॉ.जे.पी.एस. परतेती अवकाश लेकर घर पर सो रहे थे।

उन्होंने बताया कि रात में सर्पदंश से पीड़ित मरीज़ का प्राथमिक उपचार डॉ.परतेती के द्वारा किया गया था। इस बारे में जानकारी लेने के लिये अनुविभागीय अधिकारी राजस्व अंकुर मेश्राम, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.के.सी. मेश्राम और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अधिकारी डॉ.एम.एस. धर्डे सुबह डॉ.परतेती के निवास पर गये थे।

संघ के प्रांताध्यक्ष अभय पाराशर ने समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया से चर्चा के दौरान कहा कि अगर डॉ.परतेती कर्त्तव्य पर उपस्थित नहीं थे तो अधिकारियों को उनके निवास पर जाकर पूछताछ करने की बजाय उनकी अनुपस्थिति दर्ज की जाकर उनको कारण बताओ नोटिस जारी किया जाना चाहिये था।

उन्होंने कहा कि इसकी बजाय किसी अधिकारी के निवास पर जाकर उसे उठाना, किस नियम के तहत किया गया यह बात भी समझ से परे ही है। उन्होंने कहा कि सीएमएचओ और डीएचओ का कृत्य कदाचरण की श्रेणी में आता है। यह कृत्य जिले के स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की गरिमा के प्रतिकूल ही माना जायेगा।

उन्होंने कहा कि सीएमचओ डॉ.के.सी. मेश्राम और डीएचओ डॉ.मधुसूदन धर्डे बुधवार को डॉ.जे.पी.एस. परतेती के निवास पर नहीं जाते तो विवाद उत्पन्न ही नहीं होता। इसके अलावा यदि डॉ.धर्डे के द्वारा डॉ.परतेती को थप्पड़ रसीद नहीं किया गया होता तो विवाद बढ़ता नहीं।

जिलाधिकारी को दिये गये ज्ञापन में न्यू बहुउद्देशीय कर्मचारी संघ के प्रांत अध्यक्ष एवं जिला अध्यक्ष ने उक्त आशय की बातें कहीं हैं। उन्होंने इस ज्ञापन की प्रतियां स्वास्थ्य विभाग के क्षेत्रीय संचालक एवं पुलिस अधीक्षक को भी भेजी गयी हैं। उन्होंने इस मामले की बारीकी से जाँच कराये जाने की माँग भी की है।

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