वास्तविक विस्थापितों को मिलें पट्टे

 

विस्थापितों ने लगायी मुख्यमंत्री से गुहार

(ब्यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)। संजय सरोवर परियोजना के भीमगढ़ बांध के डूब क्षेत्र में आने वाले किसानों को इसके निर्माण के चार दशक बाद भी अपने हक की लड़ाई लड़ने पर मजबूर होना पड़ रहा है।

छपारा नगर से लगभग पंद्रह किलोमीटर की दूरी पर स्थित संजय सरोवर परियोजना नाम से भीमगढ़ ग्राम में बैनगंगा नदी पर बांध क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा में लाने के उद्देश्य बनाया गया। इस बांध से जहाँ क्षेत्रीय लोगों की खेती को लाभान्वित किया, वहीं बांध के जल भराव वाले क्षेत्र में जिन किसानों की भूमि डूब गयी। इन विस्थापितों और प्रभावितों को आज भी अपने हक की लड़ाई लड़ना पड़ रहा है।

इन्ही विस्थापित और प्रभावितों के संघ के अध्यक्ष ने प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम एक आवेदन दिया गया है जिसमंे उन्होंने कहा कि इन सभी विस्थपितांे को 27 वर्ष के लंबे इंतजार के बाद भी भूमि के पट्टे नहीं आवंटित होने के कारण, ये लोग हताश हैं, जिसके लिये इन सभी लोगों के द्वारा क्षेत्रीय कार्यालयों, अनुविभागीय दण्डाधिकारी, तहसीलदार, सिंचाई विभाग, अनुविभागीय अधिकारी और सरपंच को कार्यवाही हेतु पत्राचार किया गया।

इसके साथ ही साथ ही प्रदेश स्तर पर जल्द कार्यवाही हेतु जिला काँग्रेस कमेटी के अध्यक्ष को भी आवेदन दिया गया है, लेकिन उनकी समस्या का समाधान होता हुआ न देखकर सभी बांध विस्थापित एवं प्रभावित संघ के द्वारा मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर शत प्रतिशत बांध विस्थापित एवं प्रभावित को जल्द पट्टा देने की माँग की गयी है।

इसके अलावा सिंचाई विभाग के आमीन के द्वारा भी नियम विरुद्ध कर वसूली की जाँच करने की बात बांध विस्थापितों ने की है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री को स्वयं इस वर्षों पुरानी समस्या पर जल्द से जल्द निराकरण करने हेतु उन्होंने गुहार लगायी है।