हरियाली महोत्सव पर हुआ व्याख्यान

 

 

(ब्यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)। हरियाली महोत्सव इसलिये मनाया जाता है ताकि इसके माध्यम से हम लोगों को हरियाली के प्रति जागरूक कर सकंे। अगर जंगल हरे-भरे होंगे तो हमें शुद्ध वायु सांस लेने के लिये मिल सकेगी। इसी तरह खेत हरे-भरे रहेंगे तो इससे हमें भोजन के लिये अनाज मिल सकेगा।

हरियाली महोत्सव के अवसर पर उक्त उदगार कन्या महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विज्ञान संकाय के प्राध्यापक शेषराव नावंगे ने व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि अगर हम जंगलों को काटेंगे तो पर्यावरण प्रदूषित होगा और आने वाले समय में सांस लेने के लिये भी ऑक्सीजन के लिये सिलेण्डर खरीदना पड़ेगा।

कार्यक्रम प्रभारी डॉ.अर्चना चंदेल ने कहा कि आज जिस तरह हम प्रकृति का श्रृंगार करते हैं ठीक इसी तरह वृक्ष लगाकर हम पृथ्वी का श्रृंगार कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि जिस तरह श्रृंगार के बिना सुंदरता नहीं दिखती उसी तरह पृथ्वी पर वृक्षों के बिना सुंदरता की कल्पना नहीं की जा सकती। आयोजन के दौरान कु.अनीता कुल्हाड़े, श्रीमति फिरदौस, राजेश डहेरिया, श्री नागवंशी, शकीना खान सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। छात्राओं ने इस अवसर पर अपनी जिज्ञासा का समाधान किया।