आईसोलेशन वार्ड में समस्याओं का अंबार!

 

 

डेढ़ सौ मीटर दूर जा रहे मरीज़ लघुशंका के लिये

(ब्यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)। जिलाधिकारी के द्वारा जिला अस्पताल के कायाकल्प के लिये दिन रात एक किये जा रहे हैं और अस्पताल प्रशासन के द्वारा उनकी मंशाओं पर पानी फेरा जा रहा है। उक्ताशय की बात फैशन चौक (महाराजा बाग, भैरोगंज) निवासी जोगेश ठाकुर द्वारा जारी विज्ञप्ति में कही गयी है।

उन्होंने कहा है कि प्रदेश शासन द्वारा प्रदेश में स्वास्थ्य की दिशा और दशा सुधारने के लिये कई प्रकार के हथकण्डे अपनाये जा रहे है, लेकिन स्वास्थ्य की व्यवस्था दिनों दिन चरमरा रही है। स्थिति साफ है कि जमीनी स्तर पर जब तक स्वास्थ्य की व्यवस्था पूरी तरीक़े से सुधर नहीं जाती, तब तक जनता के पैसे यूँ ही बर्बाद होते रहेंगे।

उन्होंने आगे बताया कि 01 सितंबर को उनकी माताजी का स्वास्थ्य खराब होने पर उन्हें जिला अस्पताल के आईसोलेशन वार्ड में भर्त्ती करवाया गया था। वार्ड में न तो उपचार संबंधी पर्याप्त सुविधाएं थीं न ही मरीज़ के लिये किसी तरह की माकूल व्यवस्थाएं।

श्री ठाकुर द्वारा आगे बताया गया कि आईसोलेशन वार्ड से महिला मरीज़ों को लघुशंका जाने के लिये लगभग 100 से 150 मीटर दूर जाना पड़ता है, जिससे शारीरिक तौर से कमजोर मरीज़ों को बहुत ज्यादा परेशानियों का सामना कर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जिला अस्पताल के हाल इन दिनों बहुत बुरे हैं, विशेषकर आईसोलेशन वार्ड के।

जोगेश ठाकुर द्वारा प्रेस के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री कमल नाथ, स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट एवं जिला कलेक्टर से अपील की गयी है, कि जिला चिकित्सालय के आईसोलेशन वार्ड सहित सभी वार्डाे का निरीक्षण कर कम से कम मरीज़ों के लिये वैकल्पिक व्यवस्था (लघुशंका एवं अन्य) तो कराने का कष्ट करें, जिससे वर्तमान में जिला चिकित्सालय में दाखिल पीड़ित मरीज़ों को हो रही परेशानियों से निजात मिल सके।