महाकाल गर्भगृह में आठ दिनों तक साढ़े तीन घंटे प्रवेश पर प्रतिबंध

 

(ब्‍यूरो कार्यालय)
उज्‍जैन (साई)। महाशिवरात्रि (21 फरवरी) पर्व को लेकर प्रशासन तैयारियों में जुट गया है। मंदिर प्रशासन द्वारा 13 से 20 फरवरी तक करीब साढ़े तीन घंटे गर्भगृह में प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया गया है। इन दिनों में गर्भगृह के बाहर से ही श्रद्धालु दर्शन कर सकेंगे। प्रशासन पूरी कोशिश कर रहा है कि दर्शनार्थियों को कतार में ज्यादा देर तक इंतजार न करना पड़े।

महाशिवरात्रि पर्व पर इस बार भी देशभर से लाखों श्रद्धालुओं के मंदिर पहुंचने की संभावना है। गुरुवार को संभागायुक्त अजीत कुमार और आईजी राकेश गुप्ता ने दर्शन व्यवस्था को लेकर मंथन किया। गर्भगृह में 13 से 20 फरवरी तक श्रद्धालु सुबह 9.20 से दोपहर 1 बजे तक गर्भगृह में प्रवेश नहीं कर सकेंगे।

गर्भगृह में भीड़ प्रबंधन के लिए यह निर्णय लिया गया है। पर्व के दिनों में प्रतिदिन अपरा- 3 से संध्या पूजन पश्चात श्रृंगार होंगे। 2122 फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व मनेगा। 21 को मंदिर के पट रात्रि 2.30 बजे खुलेंगे। नित्य होने वाली भस्मारती रात 2.30 से शाम 4.30 तक चलेगी। प्रशासन व पुलिस के अफसरों ने निर्देश दिए हैं कि दर्शन कम से कम समय में कराए जाएं।

प्रशासक एसएस रावत ने बताया इस बार क्यूआर कोड पास जारी किए जाएंगे। ये पास सभी कर्मचारियों, मीडिया, पुजारी, पुरोहित, प्रतिनिधि, परिवार, सर्विस वाहन व वीआईपी पास पर रहेगा। कलेक्टर शशांक मिश्र, एसपी सचिन अतुलकर, निगमायुक्त ऋषि गर्ग, एडीएम डॉ. आरपी तिवारी, जिला पंचायत सीईओ नीलेश पारिख मौजूद थे। बैठक के बाद अधिकारियों ने मंदिर व मंदिर के आसपास निरीक्षण भी किया।

22 को दिन में होगी भस्मारती

महाशिवरात्रि पर्व के क्रम में 22 फरवरी को भस्मारती दिन के समय में होगी। साल में ऐसा एक बार ही होता है। प्रतिदिन यह आरती प्रात: 4 से 6 बजे तक होती है। 22 की सुबह 4 बजे से राजाधिराज महाकाल को सेहरा चढ़ाया जाएगा। सुबह 6 बजे सेहरा आरती होगी। 11 बजे से सेहरा उतरेगा। मध्या- 12 से दोपहर 2 बजे तक भस्मारती होगी। दोपहर 2 से 3 बजे तक भोग आरती होगी। शाम 5 से 5.45 तक संध्या पूजन के समय भगवान महाकाल को जल चढ़ना बंद होगा। संध्या आरती शाम 6.30 से 7.15 व शयन आरती रात 10.30 के बाद रात 11 बजे मंदिर के पट बंद हो जाएंगे। 

14 thoughts on “महाकाल गर्भगृह में आठ दिनों तक साढ़े तीन घंटे प्रवेश पर प्रतिबंध

  1. Pingback: replica rolex

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *