सोमवार 29 जून का राष्ट्रीय स्तर का आडियो बुलेटिन पढ़िए

आप सुन रहे हैं समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया में शरद खरे से सोमवार 29 जून का राष्ट्रीय स्तर का आडियो बुलेटिन.
देश में कोरोना के संक्रमित मरीजों की तादाद 05 लाख 54 हजार 386 पहुंच गई है। इसमें से सक्रिय मरीजों की तादाद 02 लाख 11 हजार 30 एवं रिकव्हर्ड मरीजों की तादाद 03 लाख 22 हजार 402 है। अब तक 16 हजार 504 जीवन इस महामारी की भेंट चढ़ चुके हैं।
जिन राज्यों में मरीजों की तादाद पांच हजार से अधिक है उनमें महाराष्ट्र में 01 लाख 64 हजार 626 में से 70 हजार 607 एक्टिव मरीज हैं। महाराष्ट्र के बाद सूची में दिल्ली बना हुआ है जहां 83 हजार 77 मामलों में से 27 हजार 847 एक्टिव मरीज हैं।
तमिलनाडू में भी स्थिति बेकाबू होती नजर आ रही है। पूरे देश की यदि बात की जाये तो तमिलनाडू में पिछले 24 घंटों के दौरान कोरोना के सबसे ज्यादा 3949 मामले सामने आये हैं। इस तरह तमिलनाडू में अब तक कुल 82 हजार 275 मामले सामने आ चुके हैं जिनमें से 35 हजार 659 एक्टिव मरीज हैं। गुजरात में 31 हजार 397 इसमें से 06 हजार 780 एक्टिव मरीज, उत्तर प्रदेश में 22 हजार 147 में से 06 हजार 679 एक्टिव मरीज, राजस्थान में 17 हजार 392 में से 03 हजार 372 एक्टिव मरीज एवं पश्चिम बंगाल में 17 हजार 283 मामलों में से 05 हजार 451 एक्टिव मरीज हैं
तेलंगाना में कोरोना के 14 हजार 419 मामलों में से 09 हजार एक्टिव, हरयाणा में 13 हजार 952 में से 04 हजार 782 एक्टिव मरीज, आंध्र प्रदेश में कुल 13 हजार 891 मामलों में से 07 हजार 479 एक्टिव मरीज, कर्नाटक में 13 हजार 190 में से 05 हजार 470 एक्टिव और मध्य प्रदेश में 13 हजार 186 मामलों में से 02 हजार 545 एक्टिव मरीज हैं।
बिहार में कोरोना के 09 हजार 224 संक्रमित मामलों में से 02 हजार 06 एक्टिव बने हुए हैं। आसाम में 07 हजार 493 में से 02 हजार 390 एक्टिव मरीज, जम्मू काश्मीर में कुल 07 हजार 93 मामलों में से 02 हजार 683 एक्टिव मरीज, उड़ीसा में 06 हजार 859 में से 01 हजार 883 एक्टिव मरीज और पंजाब में सामने आये कोरोना के 05 हजार 216 मामलों में से 01 हजार 557 एक्टिव मरीज हैं।
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महाराष्ट्र में एक बार फिर लॉकडाउन की मियाद बढ़ गई है। राज्य में कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए उद्धव ठाकरे सरकार ने लॉकडाउन बढ़ाने का फैसला लिया है। राज्य में अब 31 जुलाई मध्य रात्रि तक के लिए लॉकडाउन बढ़ाने का ऐलान किया गया है। राज्य के चीफ सेक्रटरी की तरफ से लॉकडाउन बढ़ाने का आदेश जारी किया गया है। इससे पहले 30 जून तक के लिए लॉकडाउन बढ़ाया गया था। गौर करने वाली बात यह भी है कि देश में कोरोना के सबसे ज्यादा मामले महाराष्ट्र में ही हैं।
मुख्य सचिव की तरफ से जारी आदेश में कहा गया है कि स्थानीय परिस्थितियों के मुताबिक संबंधित जिला कलेक्टर, म्यूनिसिपल कॉर्पाेरेशन के कमिश्नर जरूरी प्रतिबंध लागू कर सकते हैं। इसके तहत वायरस के प्रसार को रोकने के लिए लोगों के आने-जाने और गैर जरूरी गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाया जा सकता है।
महाराष्ट्र कोरोना वायरस के मामलों में नए रेकॉर्ड बना रहा है। रविवार को राज्य में कोविड 19 के एक दिन में रेकॉर्ड 5 हजार 493 नए मामले सामने आए थे। राज्य में कुल कोरोना वायरस संक्रमितों की संख्या बढ़कर 01 लाख 64 हजार 626 हो गई। इसके अलावा कोरोना संक्रमण से 156 लोगों की मौत हुई है।
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भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में उत्पन्न हुई तनावपूर्ण स्थिति ने अब नया मोड़ ले लिया है। चीन के फाइटर जेट्स और हेलिकॉप्टर्स की सीमा पर ऐक्टविटी तेज होने के बाद इंडियन आर्मी ने भी अपने सबसे आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम को यहां तैनात कर दिया है। सेना ने अपनी आकाश मिसाइलें भी यहां भेज दी हैं जो किसी भी तेज रफ्तार एयरक्राफ्ट या ड्रोन को सेकेंड्स में खाक कर सकती हैं। सिर्फ भारत ही नहीं, अमेरिका भी चीन के मंसूबों को समझ चुका है और उसने यूरोप से अपनी सेना हटाकर एशिया में तैनाती आरंभ कर दी है। ऐसे हालात में भले ही ड्रैगन शक्ति प्रदर्शन करते हुए भारत समेत पूरी दुनिया को डराने की कोशिश कर रहा हो लेकिन भारत के पास कुछ ऐसे हथियार हैं जिनसे मिनटों में ही चीन को धूल चटाई जा सकती है।
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भारत का सबसे खतरनाक हथियार न्यूक्लियर डिटरेंट अग्नि-5 मिसाइल सिस्टम माना जा रहा है। 5,000 किलोमीटर की मारक क्षमता वाला ये मिसाइल सिस्टम परमाणु हथियार ले जा सकता है।
अग्नि 5 कितना खतरनाक है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि इसकी मारक क्षमता के दायरे में पूरा चीन आता है। यानी अगर भारत ने अग्नि-5 का इस्तेमाल किया तो चीन के किसी भी इलाके को टार्गेट किया जा सकता है। रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि इस मिसाइल से पेइचिंग, शंघाई, गुआंगझाऊ और हॉन्ग कॉन्ग जैसे शहरों को निशाना बनाया जा सकता है। चीन के ये शहर राजनीतिक और औद्योगिक नजरिए से बेहद खास हैं और अग्नि-5 समेत भारत की मिसाइलें अगर लद्दाख या गुवाहाटी से पूर्वाेतर इलाके से दागी गईं तो ये पूरी तरह से तबाह हो सकते हैं।
अग्नि-5 की ही बात करें तो इसका पहला टेस्ट 2012 में किया गया था और पूरी अग्नि सीरीज में यह सबसे आधुनिक हथियार है जिसमें नेविगेशन के लिए मॉडर्न टेक्नॉलजीज हैं और परमाणु हथियार ले जाने की इसकी क्षमता दूसरी मिसाइल प्रणालियों से कहीं ज्यादा बेहतर है। इस समय अमेरिका, चीन, रूस, फ्रांस और नॉर्थ कोरिया के पास ही इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल्स हैं।
अग्नि सीरीज की इससे पहले की मिसाइल्स में से अग्नि-1 बैलिस्टिक मिसाइल 700-1200 किलोमीटर की दूरी तक अपने लक्ष्य को भेद सकती है। इसे 2004 में सबसे पहले सेवा में लाया गया था। जमीन से जमीन पर वार करने वाली इस सिंगल-स्टेज मिसाइल को सॉलिड प्रॉपलैंट्स से बनाया गया है और यह एक टन पेलोड ले जा सकती है। इसके पेलोड अगर घटा दिया जाए तो इसकी रेंज को बढ़ाया जा सकता है।
2,000 किलोमीटर तक की रेंज में सर्फेस टु सर्फेस दुश्मन को मार गिराने में ताकत रखने वाली अग्नि-2 बलिस्टिक मिसाइल भी न्यूक्लियर हथियारों को ले जाने में सक्षम है। खास बात यह है कि इस मिसाइल की रेंज को जरूरत पड़ने पर 3,000 किलोमीटर तक बढ़ाया जा सकता है। यह मिसाइल भी चीन के पश्चिमी, मध्य और दक्षिणी हिस्सों को अपनी जद में ले सकती है। 20 मीटर लंबी दो लेवल की बैलिस्टिक मिसाइल का प्रक्षेपण वजन 17 टन है और यह 2000 किलोमीटर की दूरी तक 1000 किलोग्राम का पेलोड लेकर जा सकती है। यही नहीं, यह मिसाइल आधुनिक सटीक नौवहन सिस्टम से लैस है।
अग्नि-3 के बारे में कहा जाता है कि यह मिसाइल मध्यम दूरी तक मार करने वाली है और इसकी मारक क्षमता 3,500 किलोमीटर है। इसकी लंबाई 17 मीटर, व्यास 2 मीटर और वजन करीब 50 टन है। इसमें 2 स्टेज का प्रोपलेन्टर सिस्टम है और यह 1.5 टन के हथियार को ले जाने में सक्षम है। अग्नि-3 मिसाइल हाइब्रिड नेविगेशन, गाइडेंस और कंट्रोल सिस्टम से लैस है। इसके अलावा इस पर अत्याधुनिक कंप्यूटर भी सेट है।
परमाणु क्षमता से लैस अग्नि-4 भी स्रफेस टु सर्फेस 4000 किमी तक मार करने वाली बैलिस्टिक मिसाइल है। यह मिसाइल में उड़ान में किसी गड़बड़ी को खुद ही सही करने के काबिल है और नैविगेशन सिस्टम से भी लैस है। अडवांस्ट एवियोनिक्स, फिफ्थ जनरेशन ऑनबोर्ड कंप्यूटर और डिस्ट्रिब्यूटेड आर्किटेक्चर टेक्नीक का भी इस्तेमाल किया गया है।
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उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउन्टेन्ट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) से कहा कि कोविड-19 की वजह से 29 जुलाई से 16 अगस्त के दौरान आयोजित परीक्षाओं में शामिल होने में असमर्थ विद्यार्थियों को शामिल नहीं होने का विकल्प अपनाने वाले विद्यार्थी मानने पर विचार करना चाहिए क्योंकि इस समय स्थिति स्थिर नहीं है। न्यायालय ने सुझाव दिया कि अगर शामिल नहीं होने का विकल्प नहीं चुनने वाला विद्यार्थी आपात परिस्थितियों की वजह से परीक्षा में शामिल नहीं हो सके तो उसे उन विद्यार्थियों के समान ही अवसर प्रदान करना चाहिए जिन्होंने शामिल नहीं होने का विकल्प चुना था।
न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर, न्यायमूर्ति दिनेश माहेश्वरी और न्यायमूर्ति संजीव खन्ना की पीठ ने कहा कि कोरोना महामारी के मद्देनजर आईसीएआई को परीक्षा केन्द्र में बदलाव का विकल्प प्रस्तावित परीक्षा के कार्यक्रम से पहले अंतिम सप्ताह तक उपलब्ध कराना चाहिए। पीठ ने कहा कि अगर किसी विद्यार्थी ने शामिल नहीं होने का विकल्प नहीं चुना है और अचानक ही उसका परीक्षा केन्द्र कंटेनमेन्ट क्षेत्र में आ गया तो आप क्या करेंगे? आपको ऐसे मामलों को विद्यार्थियों को शामिल नहीं होने का विकल्प चुनने वाले विद्यार्थी के रूप में लेना चाहिए। संस्थान के वकील ने पीठ से कहा कि 3,46,000 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से सिर्फ 53,000 ने ही शामिल नहीं होने का विकल्प चुना है। सीए की परीक्षाओं को लेकर इंडिया वाइड पैरेन्ट्स एसोसिएशन ने याचिका दायर कर रखी है।
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भारत को छः राफेल युद्धक विमानों की पहली खेप 27 जुलाई तक मिलने की संभावना है। इन विमानों से भारतीय वायु सेना की लड़ाकू क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दो जून को फ्रांसीसी समकक्ष फ्लोरेंस पर्ली से बातचीत की थी।
बातचीत में उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस महामारी के बावजूद भारत को राफेल जेट विमानों की आपूर्ति निर्धारित समय पर की जाएगी। सैन्य अधिकारियों ने नाम गुप्त रखने की शर्त पर कहा कि राफेल विमानों का पहला स्क्वाड्रन वायुसेना के अंबाला स्टेशन पर तैनात किया जाएगा जिसे भारतीय वायुसेना के लिए सामरिक रूप से महत्वपूर्ण ठिकानों में से एक माना जाता है।
राफेल विमानों का दूसरा स्क्वाड्रन पश्चिम बंगाल में हासिमारा बेस पर तैनात किया जाएगा। वायुसेना ने इस संबंध में दोनों अड्डों पर बुनियादी ढांचों के विकास के लिए लगभग 400 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। सेना को मिलने वाले 36 राफेल विमानों में 30 युद्धक विमान होंगे जबकि छः प्रशिक्षण विमान होंगे।
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कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर दिल्ली उच्च न्यायालय ने सोमवार को फैसला किया कि उसका और जिला अदालतों का कामकाज 15 जुलाई तक सीमित रहेगा और इस दौरान आवश्यक मामलों की ही सुनवाई की जाएगी। मुख्य न्यायाधीश डी एन पटेल की अध्यक्षता में उच्च न्यायालय की प्रशासनिक और सामान्य पर्यवेक्षण समिति ने निर्णय लिया कि वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए आवश्यक मामलों की सुनवाई जारी रहेगी। 1 से 15 जुलाई तक रजिस्ट्रार और संयुक्त रजिस्ट्रार सहित उच्च न्यायालय के समक्ष सूचीबद्ध सभी मामलों को क्रमशः 26 अगस्त से नौ सितंबर के बीच तारीखों के लिए स्थगित कर दिया गया है।
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वैश्विक महामारी कोरोना वायरस (कोविड-19) का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है और दुनिया भर में इससे संकमण के मामले लगातार बढ़ते हुए 1 करोड़ एक लाख से अधिक हो गए और इस बीमारी से मरने वालों की संख्या भी 5 लाख से अधिक हो गई है।
अमेरिका की जॉन हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के विज्ञान और इंजीनियरिंग केंद्र (सी.एस.एस.ई.) की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक विश्व भर में कोरोना संक्रमितों की संख्या 1 करोड 01 लाख 17 हजार 326 हो गई है, जबकि 5 लाख 01 हजार 281 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। कोविड-19 के मामले में अमेरिका विश्वभर में पहले, ब्राजील दूसरे और रूस तीसरे स्थान पर है। वहीं इस महामारी से हुई मौतों के आंकड़ों के मामले में अमेरिका पहले, ब्राजील दूसरे और ब्रिटेन तीसरे स्थान पर है।
भारत संक्रमण के मामले में विश्व में सबसे अधिक प्रभावित देशों की सूची में चौथे स्थान पर है। विश्व महाशक्ति माने जाने वाले अमेरिका में कोरोना से अब तक 25 लाख 48 हजार 617 लोग संक्रमित हो चुके हैं और 1 लाख 25 हजार 803 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। ब्राजील में अब तक 13 लाख 44 हजार 143 लोग इसकी चपेट में आ चुके हैं जबकि 57 हजार 622 लोगों की मौत हो चुकी है।
रूस में भी कोविड-19 का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है। रूस में इसके संक्रमण से अब तक 6 लाख 33 हजार 563 लोग प्रभावित हुए हैं और 9 हजार 60 लोगों ने जान गंवाई है। ब्रिटेन में इस वायरस से 3 लाख 12 हजार 640 लोग संक्रमित हुए हैं और 43 हजार 634 लोगों की मौत हो चुकी है। संक्रमण के मामले में पेरू और चिली विश्व में छठे और सातवें स्थान पर हैं। पेरू में संक्रमितों की संख्या 2 लाख 79 हजार 419 और मृतकों की संख्या 9 हजार 317 हो गई है। चिली में अब तक कोरोना वायरस से 2 लाख 71 हजार 982 लोग संक्रमित हुए हैं और मृतकों की संख्या 5 हजार 509 है।
8वें स्थान पर स्पेन में अब तक 2 लाख 48 हजार 770 लोग संक्रमित हुए है जबकि 28 हजार 343 लोगों की मौत हो चुकी है। यूरोपीय देश इटली में भी इस महामारी ने बहुत कहर बरपाया है। यहां अब तक कोविड-19 से 2 लाख 40 हजार 310 लोग संक्रमित हुए हैं और 34 हजार 378 लोगों की मौत हुई है। कोरोना वायरस से गंभीर रूप से प्रभावित खाड़ी देश ईरान में संक्रमितों की संख्या 2 लाख 22 हजार 669 हो गई है और 10 हजार 508 लोगों की इसके कारण मौत हुई है।
कोरोना संक्रमण के मामले में मेक्सिको फ्रांस से आगे निकल गया है और यहां संक्रमितों की संख्या 2 लाख 16 हजार 852 पहुंच गई है और अब तक इस वायरस से 26 हजार 648 लोगों की मौत हुई है। यूरोपीय देश फ्रांस में कोरोना वायरस के कारण स्थिति काफी खराब है। फ्रांस में अब तक 1 लाख 99 हजार 476 लोग इससे संक्रमित हुए हैं और 29 हजार 781 लोगों की मौत हो चुकी है।
पड़ोसी देश पाकिस्तान में कोरोना संक्रमितों की संख्या 2 लाख से अधिक हो गई है। यहां अब तक 2 लाख 02 हजार 955 लोग संक्रमित हुए हैं। 4 हजार 118 लोगों की मौत हो चुकी है। तुर्की में कोरोना संक्रमितों की संख्या 1 लाख 97 हजार 239 हो गई है और 5 हजार 97 लोगों की मौत हो चुकी है।
जर्मनी में पिछले 24 घंटों में कोरोना वायरस के संक्रमण या इससे मौत का कोई नया मामला सामने नहीं आया है। कोरोना वायरस से बेल्जियम में 9732, कनाडा में 8582, नीदरलैंड में 6124, स्वीडन में 5280, इक्वाडोर में 4429, स्विट्जरलैंड में 1962, आयरलैंड में 1735 और पुर्तगाल में 1564 लोगों की मौत हुई है।
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भारतीय रेल 30 जून तक की रद्द गाड़ियों का किराया लौटाने के बाद अब 1 जुलाई से 12 अगस्त तक की रद्द गाड़ियों का किराया लौटाएगी। साथ ही, जुलाई माह में परिस्थितियों का आकलन करने के बाद और भी स्पेशल यात्री गाड़ियां चलाने का फैसला ले सकती है।
रेलवे ने एक जुलाई से 12 अगस्त तक की टाइम टेबल्ड गाड़ियां की किराया राशि लौटान का फैसला लिया है। रेल मंत्रालय ने बताया कि पुराने टाइम टेबल के अनुसार चलने वाली नियमित गाड़ियों को कोविड की वजह से वर्तमान स्थिति में चलाना संभव नहीं है। रेलवे ने साफ किया है कि इस निर्णय से वर्तमान में चलने वाली स्पेशल यात्री गाड़ियों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। भारतीय रेल द्वारा जो 115 जोड़ी स्पेशल यात्री गाड़ियां शुरू की गई हैं, वे चलती रहेंगी।
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आप सुन रहे थे शरद खरे से समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया में सोमवार 29 जून का राष्ट्रीय स्तर का आडियो बुलेटिन। मंगलवार 30 जून को एक बार फिर हम आडियो बुलेटिन लेकर हाजिर होंगे, अगर आपको यह आडियो बुलेटिन पसंद आ रहे हों तो आप इन्हें लाईक, शेयर और सब्सक्राईब जरूर करें। फिलहाल इजाजत लेते हैं, नमस्कार।