नए विधायकों के लिए विधानसभा में नवाचार की कवायद!

नमस्कार, आप सुन रहे हैं समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया की साई न्यूज की समाचार श्रृंखला में शुक्रवार 05 मार्च 2021 का प्रादेशिक आडियो बुलेटिन, अब आप रीना सिंह से समाचार सुनिए.
——–
मध्य प्रदेश में व्यावसायिक शिक्षा मंडल (व्यापमं) द्वारा कराई गई कृषि विस्तार अधिकारी और वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी की परीक्षा में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। कृषि विकास अधिकारी के पद पर नियुक्ति के लिए हुई परीक्षा में शीर्ष 10 स्थान काबिज करने वाले उम्मीदवारों ने एक ही कॉलेज से बीएससी की, इन्हें परीक्षा में एक जैसे मार्क्स मिले और गलतियां भी एक जैसी की।
व्यापमं ने 10-11 फरवरी को यह परीक्षा आयोजित की थी। 17 फरवरी को आंसर शीट के साथ सफल उम्मीदवारों की संभावित लिस्ट भी जारी की गई। ताज्जुब यह है कि जनरल नॉलेज की परीक्षा में सभी 10 छात्रों को एक जैसे अंक मिले। परीक्षा में शामिल होने वाले अन्य छात्र घोटाले का आरोप इसलिए भी लगा रहे हैं कि टॉपर्स की शैक्षिक पृष्ठभूमि अच्छी नहीं रही है।
इस संबंध में, जब मामला सामने के बाद सवाल उठा की यह संयोग है या साजिश, लेकिन यह कैसे संभव है कि उन्होंने समान गलत उत्तर दिए जो सामान्य ज्ञान के विषय में आसान से सवाल थे। मामला ज्यादा चर्चा में आने के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने संबंधित अधिकारियों को जांच के आदेश जारी किए हैं।
——–
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है शिक्षा का उद्देश्य ज्ञान, कौशल और नागरिकता के संस्कार देना होना चाहिए। नई शिक्षा नीति में इन तीनों बातों का पर्याप्त ध्यान रखा गया है। इन्हें मध्यप्रदेश में लागू किया जाएगा। कक्षा छठवीं से व्यावसायिक शिक्षा दी जाएगी।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि शिक्षा का अर्थ तोते की तरह रटना, बस्ते के बोझ से दबे रहना तथा परीक्षा देना नहीं है। शिक्षा से बच्चों का स्वाभाविक विकास तथा उनकी प्रतिभाओं का प्रकटीकरण होना चाहिए। इसके लिए शिक्षकों के शिक्षण-प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने आज आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन अकादमी में विद्या भारती उच्च शिक्षा संस्थान द्वारा शिक्षक-शिक्षा का कायाकल्प पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने शिक्षा पथ प्रदीपिका पुस्तक का विमोचन भी किया।
——–
इंदौर के लिए एक बुरी खबर आ गई है। लगातार बढ़ते कोरोना के प्रकोप के बीच अब नए स्ट्रेन ने दस्तक दे दी है। 20 फरवरी को स्ट्रेन जांच के लिए दिल्ली भेजे गए 106 सैम्पल में से 6 में यूके स्ट्रेन की पुष्टि हुई है। संभागायुक्त डॉ. पवन शर्मा ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि छह में यूके वेरियंट के स्ट्रेन मिले हैं।
यह वेरियंट ज्यादा तेजी से फैलता है। इसलिए आशंका है कि कोरोना ज्यादा तेजी से फैल सकता है। इसलिए रोको-टोको अभियान को तेजी और ताकत से लागू करना होगा। मामले में सीएम ने बैठक लेकर इसे सख्ती से रोकने के निर्देश दिए हैं। तीन दिन तक संक्रमण की स्थिति को देखेंगे, यदि संक्रमण कम नहीं होता है तो नाइट कर्फ्यू पर विचार किया जाएगा। बता दें कि इसके पहले विदेश से आए दो लोगों में यूके स्ट्रेन की पुष्टि हुई थी।
संभागायुक्त ने कहा कि जिनमें नए स्ट्रेन मिले हैं, उनके संपर्क में आने वालों की हिस्ट्री खंगाली जा रही है। इनके ट्रेवल, परिजनों की जानकारी के लिए टीम इनके घर पहुंची थी। वहीं, कोविड नोडल अधिकारी अमित मालाकार ने बताया कि हमने नए स्ट्रेन का पता लगाने के लिए दिल्ली सैंपल भेजे थे। इनमें से राजेंद्र नगर का एक, तेजाजी नगर इलाके के तीन, पलासिया क्षेत्र का एक वहीं, प्रेम नगर इलाके का एक पेंशेंट। यह स्ट्रेन 10 से लेकर 40 तक के मरीजों में पाया गया है। ये सभी पुरुष हैं और संक्रमण के बाद होम आइसोलेशन में हैं। इसमें से किसी भी मरीज की विदेश आने-जाने की हिस्ट्री नहीं है। ये मरीज 10 से 15 फरवरी के बीच संक्रमित पाए गए थे।
——–
उज्जैन-इंदौर वाया फतेहाबाद रेलमार्ग पर बने चिंतामन गणेश रेलवे स्टेशन के साइन बोर्ड से उर्दू भाषा में लिखा गया स्टेशन का नाम हटा दिया गया है। आमतौर पर देश के अधिकांश रेलवे स्टेशनों पर बोर्ड पर स्टेशन का नाम हिंदी, अंग्रेजी और उर्दू में भी लिखा मिलता है। उज्जैन के चिंतामन रेलवे स्टेशन से साइन बोर्ड पर भी हिंदी व अंग्रेजी के साथ उर्दू में स्टेशन का नाम लिखा गया था।
चिंतामन रेलवे स्टेशन का हाल ही में उद्घाटन हुआ है। उज्जैन के संत और आवाहन अखाड़े के महामंडलेश्वर आचार्य शेखर ने उर्दू में नाम लिखे जाने पर आपत्ति जताई थी। इसके बाद रेल प्रशासन ने उर्दू में लिखे नाम को मिटा दिया।
रतलाम मंडल के मण्डलल रेल प्रबंधक विनीत गुप्ता ने बताया कि यह गलती से हुआ था। इंडियन रेलवे वर्क्स मैनुएल के पैरा 424 (एफ) में स्टेशनों के नामों को लेकर स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। स्टेशनों के नाम क्षेत्रीय भाषा, हिन्दी और अंग्रेजी में लिखा जाना चाहिए। जहां पर क्षेत्रीय भाषा हिन्दी है वहां पर उर्दू भाषा को छोड़कर हिन्दी और अंग्रेजी में ही स्टेशनों के नाम लिखे जाएंगे। इसमें देशभर के उन जिलों के नाम दिए गए हैं, जहां के स्टेशनों के साइन बोर्ड पर हिन्दी व अंग्रेजी के साथ उर्दू में भी नाम लिखना होगा। इन स्टेशनों में उज्जैन का नाम नहीं है, इसलिए उज्जैन के चिंतामन गणेश स्टेशन से उर्दू में लिखा नाम मिटा दिया गया है।
——–
अंग्रेज 1942 का भारत छोड़ो आंदोलन कुचल चुके थे। 64 हजार सैनिकों के साथ नेताजी ने मणिपुर को आजाद करा लिया था। कोलकाता की ओर तेजी से सेना आगे बढ़ रही थी। आजाद हिंद फौज की गतिविधियों और नेताजी से अंग्रेज भयभीत हो गए थे। अंग्रेजों को 1857 की क्रांति का डर पैदा हो गया था। यही कारण था कि अंग्रेज एक साल पहले 15 अगस्त 1947 को ही देश छोड़कर चले गए। यह बात नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती पर जबलपुर में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी को केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने संबोधित करते हुए कही।
राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान शुक्रवार को शहीद स्मारक गोल बाजार में ष्नेताजी सुभाषचंद्र बोस राष्ट्रवाद और युवा सरोकार विषय पर आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी के उद्धाटन सत्र को मुख्य अतिथि के तौर पर संबोधित कर रहे थे। इस दौरान केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन राज्यमंत्री प्रहलाद सिंह पटेल, कोलकाता से आए नेताजी के भतीजे चंद्रकुमार बोस, मेजर जनरल जीडी बख्शी, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र के सदस्य सचिव सच्चिदानंद जोशी मुख्य वक्ताओं में रहे।
——–
समाचारों के बीच में हम आपको यह जानकारी भी दे दें कि मौसम के अपडेट जानने के लिए समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया के चेनल पर रोजाना अपलोड होने वाले वीडियो जरूर देखें। मौसम से संबंधित अपडेट मूलतः किसानों, निर्माण कार्य करवाने वालों आदि के लिए फायदेमंद साबित हो सकते हैं। समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया के द्वारा अब तक मौसम के जो पूर्वानुमान जारी किए गए हैं, वे 95 से 99 फीसदी तक सही साबित हुए हैं।
——–
विधानसभा में एक नया प्रयोग होने जा रहा है। हर सत्र में एक दिन ऐसा होगा, जब प्रश्नकाल के दौरान केवल नए विधायक ही सवाल करेंगे और सरकार की तरफ से मंत्री जवाब देंगे। बजट सत्र के दौरान 15 मार्च को ऐसा पहली बार करने की तैयारी है। इस दौरान वरिष्ठ विधायकों को प्रति प्रश्न करने की अनुमति भी नहीं होगी। यह जानकारी विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम ने शुक्रवार को मीडिया को दी।
उन्होंने बताया कि 15 मार्च को प्रश्नकाल के दौरान तारांकित (जिन पर सदन में चर्चा होती है) 25 प्रश्न नए विधायकों के लिए जाएंगे। दरअसल, तारांकित प्रश्नों का चयन लॉटरी के माध्यम से होता है। जिसे विधायकों द्वारा ही पर्ची निकाली जाती है। हालांकि सरकार सभी प्रश्नों का विभागवार लिखित में जवाब देती है। लेकिन लॉटरी के माध्यम से जिन प्रश्नों का चयन होता है, उस पर सदन में संबधित विधायक को प्रति प्रश्न सरकार से पूछने का अधिकार होता है। संबधित विभाग का मंत्री सदन में जवाब देते हैं। हर सत्र में बैठक के दिन प्रश्नकाल के लिए 1 घंटे का समय निर्धारित है।
इसको लेकर अध्यक्ष गौतम ने कहा कि 15 मार्च के लिए लॉटरी में सिर्फ पहली बार के विधायकों के प्रश्नों को ही लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस व्यवस्था से नए विधायकों को सरकार से सवाल-जवाब का मौका मिलेगा और उनका कॉन्फिडेंस भी बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि विधायकों को सदन में संरक्षण देना अध्यक्ष की नैतिक जिम्मेदारी है।
अध्यक्ष ने कहा कि नए पत्रकारों को विधानसभा की कार्य प्रणाली को समझाने के लिए ट्रेनिंग भी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि विधानसभा के नियम और प्रक्रिया का संसदीय ज्ञान पत्रकारों को होना चाहिए। खासकर नए पत्रकारों को इसकी जरूरत होती है।
उन्होंने कहा कि 8 मार्च को महिला दिवस है। इस अवसर पर महिला सभापति को आसंदी (सदन में अध्यक्ष की कुर्सी) पर बैठने और कार्यवाही को संचालित करने का अवसर दिया जाएगा। हालांकि ऐसा वर्ष 2013 से 2018 के बीच हो चुका है, जब महिला सभापति को आसंदी पर बैठाया गया था और अधिकांश सवाल महिला विधायकों ने ही पूछे थे।
अध्यक्ष से पूछा गया कि लोकसभा, राज्यसभा के अलावा कई राज्यों में विधानसभा की कार्यवाही का लाइव टेलीकॉस्ट होता है, लेकिन मध्य प्रदेश में ऐसा नहीं हो रहा है? इस पर उन्होंने कहा कि विधानसभा सचिवालय इस पर तेजी से काम कर रहा है।
——–
आप सुन रहे थे रीना सिंह से समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया की साई न्यूज में शुक्रवार 05 मार्च 2021 का प्रादेशिक आडियो बुलेटिन। रविवार 07 मार्च 2021 को एक बार फिर हम आडियो बुलेटिन लेकर हाजिर होंगे, अगर आपको यह आडियो बुलेटिन पसंद आ रहे हों तो आप इन्हें लाईक, शेयर और सब्सक्राईब जरूर करें, सब्सक्राईब कैसे करना है यह हर वीडियो के आखिरी में हम आपको बताते ही हैं। फिलहाल इजाजत लेते हैं, नमस्कार।
(साई फीचर्स)

———