क्वाड की बैठक के पहले टारगेट करने पर भड़का चीन

नमस्कार, ये समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया है। अब आप साई न्यूज की समाचार श्रंखला में सुनिये मंगलवार 14 सितंबर का राष्ट्रीय ऑडियो बुलेटिन.
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भारतीय जनता पार्टी की तरफ से हाल के दिनों में कई राज्यों में नेतृत्व परिवर्तन किए गए हैं। पार्टी के पूर्व अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पार्टी के हालात पर तंज किया है। उन्होंने कहा है कि जो मुख्यमंत्री बनते हैं, वो इसलिए परेशान रहते हैं कि पता नहीं कब हटा दिया जाए।
नितिन गडकरी ने कहा कि जो विधायक हैं वो दुखी हैं कि मंत्री नहीं बन पाए,जो मंत्री है वो इसलिए दुखी हैं कि वो मुख्यमंत्री नहीं बन पाए और जो मुख्यमंत्री हैं वो इसलिए दुखी हैं कि कब रहेंगे, कब जाएंगे इसका भरोसा नहीं। गडकरी सोमवार को राजस्थान विधानसभा में संसदीय प्रणाली और जन अपेक्षाएं विषय पर आयोजित संगोष्ठी के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे। संगोष्ठी का आयोजन राष्ट्रमण्डल संसदीय संघ कि राजस्थान इकाई द्वारा किया गया।
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उत्तर प्रदेश का अलीगढ़ दो चीजों के मशहूर है। पहला- अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एमएमयू), जबकि दूसरा- ताला। विश्व भर में वहां के ताला उद्योग का नाम है। मंगलवार 14 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब शहर में थे, तो वह भी यहां के लॉक और ताले बेचने वाले सेल्समैनों के बारे में बात करने से खुद को रोक न पाए। उन्होंने बताया कि अलीगढ़ के एक ताले बेचने वाले व्यक्ति से उनके पिता की कभी अच्छी दोस्ती हुआ करती थी। याराना इतना गहरा था कि वह मोदी के पिता के पास अपने पैसे तक सुरक्षित रखवा जाया करते थे।
दरअसल, पीएम अलीगढ़ में मंगलवार को राजा महेन्द्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय की आधारशिला रखने आए थे। उन्होंने इस दौरान कहा, लोग अभी तक अपने घर और दुकान की सुरक्षा के लिए अलीगढ़ के भरोसे रहते थे। पता है न, क्योंकि यहां का ताला अगर लगा होता था, तब लोग निश्चिंत हो जाते थे।
बकौल पीएम, मुझे आज बचपन की बात करने का मन कर रहा है। करीब 55-60 साल पुरानी बात है। हम बच्चे थे। अलीगढ़ से ताले के सेल्समैन होते थे३एक मुस्लिम मेहरबान थे, वह हर तीन महीने हमारे गांव आते थे। मुझे अभी भी याद है कि वह काली जैकेट पहनते थे। सेल्समैन के नाते वह अपने ताले दुकानों में रख जाते थे और तीन महीने बाद आकर पैसे ले जाते थे। गांव के अगल-बगल के व्यापारियों के पास भी जाते थे और ताले देते थे।
मोदी के मुताबिक, मेरे पिता जी से उनकी बड़ी अच्छी दोस्ती थी। वह आते थे, तो चार-छह दिन हमारे गांव में रुकते थे। दिन भर में जो पैसे वह लेकर आते थे, तो मेरे पिता जी के पास पैसे छोड़ देते थे। पिता उनके पैसे संभालते थे और जाते वक्त वह पिता जी से पैसे लेकर ट्रेन से निकल जाया करते थे।
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फिरोजाबाद में डेंगू का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। उस पर आलम यह है कि योगी राज में जिले की स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह से चरमरा गई हैं। पांच साल की सावन्या गुप्ता की जान बच सकती थी, अगर उसे समय पर दाखिला मिल जाता। अलबत्ता बेबस परिवार अस्पताल के बाहर चार घंटे तक इस बात की राह तकता रहा कि कोई तो उनकी मदद करेगा।
फिरोजाबाद के सीएमओ दिनेश कुमार का कहना है कि 64 कैंपों में 48 सौ लोगों का इलाज किया जा रहा है। इसमें बुखार वाले मरीज भी शामिल हैं। जानकारों का कहना है कि जिले में तकरीबन 12 हजार लोग बुखार से बिस्तर पर पड़े हैं। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक इस बीमारी के चपेट में पूरा जिला आ चुका है। बीते 24 घंटे में यहां 4 और मरीजों की मौत हो चुकी है।
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पश्चिम बंगाल की भवानीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव हो रहा है। यहां मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का मुकाबला भारतीय जनता पार्टी के प्रियंका टिबरीवाल से है। 30 सितंबर को वोटिंग होनी है। उससे पहले बीजेपी ने ममता के नॉमिनेशन पर सवाल खड़ा कर दिया है। भगवा पार्टी का कहना है कि नामांकन पत्र दाखिल करते समय ममता ने अपने खिलाफ दर्ज पांच पुलिस मामलों का खुलासा नहीं किया। हालांकि त्रृणमूल कांग्रेस ने इन आरोपों का खंडन किया है।
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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा की गई अब्बा जान वाली टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए, मशहूर अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ने कहा है कि इस तरह के बयान आक्रामक हैं। इंडिया टुडे को दिए गए साक्षात्कार में, नसीरुद्दीन शाह ने कहा, यूपी के सीएम का अब्बा जान वाला बयान अवमानना के अधीन है और प्रतिक्रिया के लायक भी नहीं है।
अभिनेता ने कहा, इस पर प्रतिक्रिया करने का कोई मतलब नहीं है। लेकिन तथ्य यह है कि यह अब्बा जान बयान उस नफरत भरे बयान का सिलसिला है, जो वह अर्थात योगी आदित्यनाथ हमेशा से उगलते रहे हैं।
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आम लोगों को पेट्रोल और डीजल की महंगाई से राहत मिल सकती है। इसे सरकार जीएसटी के दायरे में लाने पर विचार कर रही है। अगर ऐसा होता है तो पेट्रोल और डीजल की कीमत में बड़ी कटौती हो सकती है। सूत्रों की मानें तो आगामी 17 सितंबर को होने वाली जीएसटी काउंसिल की बैठक में इस पर मंथन की संभावना है।
हालांकि, पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के दायरे में लाना इतना आसान भी नहीं होगा। दरअसल, जीएसटी प्रणाली में किसी भी बदलाव के लिए पैनल के तीन-चौथाई लोगों की मंजूरी जरूरी है। इस पैनल में सभी राज्यों के प्रतिनिधि शामिल हैं। इनमें से कुछ ईंधन को जीएसटी के दायरे में लाने का विरोध कर रहे हैं। इनका मानना है कि पेट्रोल और डीजल के जीएसटी दायरे में आने के बाद राजस्व का एक अहम हथियार राज्यों के हाथों से निकल जाएगा।
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गुजरात में बीजेपी ने बड़ा फेरबदल करते हुए विजय रूपाणी से इस्तीफा लिया और भूपेंद्र पटेल की नया सीएम बनाया। रूपाणी के इस्तीफे के पीछे कई लोग उनके अलोकप्रिय चेहरे को वजह बता रहे हैं। हालांकि, रूपाणी के बेटी राधिका ने ऐसे लोगों को जमकर लताड़ा है। एक फेसबुक पोस्ट में रूपाणी की बेटी ने कहा है कि जब साल 2002 में अक्षरधाम मंदिर पर हमला हुआ था तो मोदी जी से पहले मेरे पिता जी वहां पहुंचे थे।
विजय रूपाणी की बेटी ने अपने फेसबुक पोस्ट का शीर्षक लिखा है- एक बेटी के नजरिए से विजय रूपाणी राधिका ने लिखा कि बहुत कम लोग जानते हैं कि कोरोना और ताउते तूफान जैसी बड़ी दिक्कतों में मेरे पिता सुबह 2.30 बजे तक जगा करते थे और लोगों के लिए व्यवस्था कराते थे, फोन पर लगे रहते थे।
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महाराष्ट्र के अमरावती जिले की वर्धा नदी में मंगलवार को एक बड़ा हादसा हुआ। यहां एक नाव पलटने पर एक ही परिवार के 11 लोग नदी में डूब गए। इनमें से एक बच्ची सहित 3 शव बरामद किए जा चुके हैं। 8 अभी लापता हैं। पुलिस और प्रशासन बचाव कार्य में लगे हैं।
पुलिस के मुताबिक हादसा अमरावती के हतराना गांव में सुबह करीब 10.30 बजे हुआ। यह परिवार दशाकर्म अनुष्ठान करने नदी किनारे गया था इस दौरान ही नाव पलट गई। नाव 11 लोगों का वजन नहीं उठा पाई और पलट गई। हादसे के बाद स्थानीय विधायक देवेंद्र भुयार मौके पर पहुंच गए।
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24 सितंबर को क्वाड देशों के नेता वॉशिंगटन में मिल रहे हैं। क्वाड नेता पहली बार आमने-सामने मिल रहे हैं और इस मीटिंग को लेकर चीन परेशान हो गया है। क्वाड ग्रुप की मीटिंग को लेकर पूछे गए सवाल पर चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियन ने कहा है कि क्षेत्रीय सहयोग ढांचे को किसी तीसरे पक्ष को टारगेट नहीं करना चाहिए और उसके हितों को नुकसान नहीं पहुंचाना चाहिए। उन्होंने आगे कहा है कि क्वाड ग्रुप लोकप्रिय नहीं होगा और इसका कोई भविष्य नहीं होगा।
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आप सुन रहे थे समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया की साई न्यूज में लिमटी खरे से मंगलवार 14 सितंबर 2021 का राष्ट्रीय आडियो बुलेटिन। बुधवार 15 सितंबर 2021 को एक बार फिर हम ऑडियो बुलेटिन लेकर हाजिर होंगे, यदि आपको ये ऑडियो बुलेटिन पसंद आ रहे हों तो आप इन्हें लाईक, शेयर और सब्सक्राईब जरूर करें। अभी आपसे अनुमति लेते हैं, जय हिन्द।
(साई फीचर्स)

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