केंद्रीय मंत्री के क्षेत्र का एनएच हुआ जर्जर!

 

 

छपारा से बंजारी मार्ग के उड़ गये धुर्रे, हाल ही में बना था फोरलेन!

(फैयाज खान)

छपारा (साई)। केंद्रीय इस्पात राज्यमंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते के संसदीय क्षेत्र में केंद्र सरकार के अधीन काम करने वाले भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) की सड़कें बुरी तरह बदहाल हो चुकी हैं। हाल ही में बनायी गयी छपारा से गणेशगंज तक फोरलेन के धुर्रे उड़ रहे हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार छपारा से बंजारी के फोरलेन के हिस्से में बारिश के मौसम में सफर करना सर्कस के बाजीगरों के बस की ही बात रह गयी है। इस मार्ग में स्थान – स्थान पर गड्ढों की भरमार देखी जा सकती है। इन गड्ढों में वाहन झूल और झूमकर चलते दिखते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंकाएं बलवती होती जा रही हैं।

एनएचएआई के उच्च पदस्थ सूत्रो नें समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया को बताया कि जिस समय सड़क के इस हिस्से का काम किया जा रहा था तब यह हिस्सा एनएचएआई के नरसिंहपुर स्थित परियोजना निदेशक के कार्यालय के अधीन आता था। उस दौरान इस सड़क को बिना किसी तकनीकि अधिकारी के अधीक्षण के ही बना दिया गया था।

सूत्रों का कहना है कि इस सड़क को बनाने वाले ठेकेदार का इकबाल सियासी गलियारों में इतना बुलंद हुआ करता था कि एनएचएआई के अधिकारी या कंसलटेंट भी इस मामले में खामियां निकालने की स्थिति में नहीं थे। यही कारण था कि ठेकेदार के द्वारा थूक लपेटा काम करवा दिया गया था।

सूत्रों की मानें तो लगभग 300 करोड़ की लागत से करवाये गये इस काम को 2018 में पूरा करा लिया गया था। निविदा की शर्तों के हिसाब से इस सड़क का संधारण ठेकेदार कंपनी को ही करना था। कुछ समय पहले सड़क के धुर्रे बुरी तरह उड़े उसके बाद ठेकेदार के द्वारा सड़क की मरम्मत की जाकर उस पर डामर की परत चढ़ा दी गयी थी। विडंबना ही कही जायेगी कि यह काम भी गुणवत्ता विहीन ही किया गया, जिसकी परिणिति अब गड्ढों के रूप में दिखायी दे रही है।

सूत्रों ने आगे बताया कि सड़क निर्माण के दौरान आसपास के पहाड़ों की कटाई में भी सावधानी नहीं बरती गयी है। बारिश में यहाँ जब चाहे तब पहाड़ों से पत्थर और चट्टानें टूटकर सड़कों पर आ रही हैं। सूत्रों ने कहा कि जिले के दोनों सांसद अगर चाहें तो एनएचएआई के परियोजना निदेशक का कार्यालय फिर से सिवनी में स्थापित कर सकते हैं, जिससे जिले से होकर गुजरने वाले फोरलेन का संधारण उचित तरीके से किया जा सकता है।