बातचीत से मंदिर विवाद सुलझाने की उम्मीद

 

 

 

 

अयोध्या पहुंचा मुस्लिम डेलिगेशन

(ब्‍यूरो कार्यालय)

अयोध्‍या (साई)। अयोध्या भूमि विवाद की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में अंतिम चरण में है, तो वहीं दूसरी तरफ अभी भी विवाद का हल दोनों पक्षों से बात कर सुलझाने की कोशिश हो रही है।

इसकी गुंजाइश ढूंढने अखिल भारतीय मुस्लिम फोरम का एक डेलिगेशन श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण न्यास के अध्यक्ष और जानकी घाट बड़ा स्थान के महंत जनमेजय शरण सहित कई अन्य संतों से मिला। बताया जा रहा है कि डेलिगेशन ने बीच का रास्ता निकालने के लिए 10 हजार पत्रकों पर लोगों से दस्तखत करवाकर कोर्ट को सौंपने की बात कही है।

मुस्लिम फोरम के बैनर तले पहुंचे डेलिगेशन में पूर्व एमएलए मुईद अहमद, एडवोकेट अमीर हैदर, पूर्व कस्टम कमिश्नर तारिक गौरी, पूर्व जज बीडी नकवी, सामाजिक कार्यकर्ता वहीद सिद्दीकी, सीआरपीएफ के पूर्व आईजी आफताब अहमद खां शामिल थे। इन्होंने महंत जनमेजय शरण के साथ पक्षकार और निर्मोही अखाड़े के महंत दिनेंद्र दास, रामलला के पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास, निर्मोही अखाड़े के वकील रणजीत लाल वर्मा, नागा राम लखन दास सहित कई अन्य संतों से मुलाकात की।

दोनों पक्षों ने अयोध्या में भव्य राम मंदिर बने इस बात की वकालत की। मुस्लिम फोरम के लोगों ने कहा कि देश में प्रेम और सद्भावना बनी रहे, इसलिए अयोध्या से मोहब्बत का पैगाम जाना चाहिए। राम का भव्य मंदिर बने, लेकिन बदले में अयोध्या की किसी मुनासिब जगह पर मस्जिद के लिए भी स्थान दिया जाए।