गलन भरी हवाओं ने निकाला दम!

 

बारिश से हवाएं हुईं सर्द, तापमान नहीं हुआ कम

(महेश रावलानी)

सिवनी (साई)। मंगलवार 31 दिसंबर से आरंभ हुआ बूंदाबांदी का सिलसिला अनवरत जारी है। बृहस्पतिवार को तापमान में ज्यादा गिरावट दर्ज नहीं की गयी, पर गलन भरी हवाओं के कारण सर्दी का एहसास ज्यादा होता रहा। दिन और रात में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में ज्यादा अंतर नहीं दर्ज किया गया है।

वर्ष 2019 के अंतिम दिन बूंदाबांदी और बारिश से लोगों का नया वर्ष मनाने का मजा किरकिरा हो गया। नये साल के पहले दिन भी मौसम का मिज़ाज कुछ ऐसा ही रहा। 02 जनवरी को स्थान – स्थान पर ओले, बारिश ने सर्दी का ज्यादा अहसास करवाया। बेमौसम हुई बारिश के कारण स्थान – स्थान पर पानी भी भर गया।

बृहस्पतिवार को सुबह से ही बारिश का सिलसिला जारी रहा। बर्फीली हवाओं के कारण लोगों की सुबह देरी से हुई पर शाला जाने वाले विद्यार्थियों को मन मारकर सुबह उठकर ठण्ड के बीच ही शाला जाने पर मजबूर होना पड़ा। बृहस्पतिवार को दिन में अधिकतम तापमान 16.6 डिग्री सेल्सियस तो न्यूनतम तापमान 15.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बुधवार एवं बृहस्पतिवार की दरमियानी रात में अधिकतम तापमान 13.4 डिग्री सेल्सियस तो न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

पल-पल बदलते मौसम के पूर्वानुमान के हिसााब से मौसम विभाग के सूत्रों ने समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया को बताया कि शुक्रवार को दिन में अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस एवं रात में न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। शुक्रवार को भी बूंदाबांदी की उम्मीद सूत्रों ने व्यक्त की है।

बृहस्पतिवार को सुबह से ही ठिठुरन महसूस की जा रही थी। दिन में लोग सर्दी से बचने के पूरे इंतजाम करने के बाद ही घरों से निकले। इस दौरान कोयले की माँग जमकर बढ़ गयी। अमूमन 20 रूपये प्रतिकिलो बिकने वाला कोयला अब 40 से 45 रूपये प्रति किलो के भाव से बिक रहा है।

वहीं, बारिश के कारण कोहरा भी तेजी से पसरता दिखा, जिसके कारण दृश्यता में कमी भी महसूस की गयी। सुबह – सुबह लोगों को वाहनों की हेड लाईट और इण्डीकेटर का प्रयोग कर ही वाहन चलाने पर मजबूर होना पड़ा।

सूत्रों ने आगे बताय कि दरअसल, मध्य भारत के ऊपर से ट्रफ लाईन गुजरने के कारण मौसम में बदलाव हुआ है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण गुरुवार के बाद शुक्रवार को भी काले बादल बने रहने की संभावना है।