जिले के तीन परिवारों के 07 लोगों पर रखी जा रही विशेष नज़र

 

विदेश यात्रा से थे लौटे, देर से ही सही स्वास्थ्य अमला आया हरकत में

(अय्यूब कुरैशी)

सिवनी (साई)। कोरोना वायरस के कारण देश भर में ऐहतियात बरती जा रही है। सिवनी में भी उन देशों जहाँ इसका असर देखा गया है, वहाँ की विदेश यात्रा से लौटकर सिवनी जिले में आने वाले परिवारों पर देर से ही सही स्वास्थ्य अमले के द्वारा नज़र रखने का काम आरंभ किया गया है।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय के उच्च पदस्थ सूत्रों ने समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया को बताया कि जिले में तीन परिवारों के सात लोगों पर ऐहतियातन नज़र रखी जा रही है। विभाग के द्वारा विभिन्न दलों का गठन किया जाकर इन तीनों परिवारों को घर पर ही अकेले में (हाउस आईसोलेशन) में रखने के निर्देश दिये गये हैं। इन तीनों परिवारों के किसी भी सदस्य में कोरोना वायरस के संभावित लक्षण नहीं पाये गये हैं।

सूत्रों ने बताया कि इन तीन परिवारों में दो परिवार सिवनी के हैं जिनके पाँच सदस्य और एक परिवार छपारा का है जिसके दो सदस्यों को निगरानी में रखा गया है। ये परिवार हाल ही में इटली की यात्रा से वापस आये हैं। जिला प्रशासन को इस बात की जानकारी मिलने के बाद यह कदम ऐहतियातन उठाया गया है।

सूत्रों ने यह भी कहा कि देश भर में कोरोना वायरस के बारे में इतनी खबरों का प्रसारण और प्रकाशन होने, केंद्र और राज्य सरकारों के द्वारा दिशा निर्देश जारी किये जाने के बाद भी जिले में प्रशासन या स्वास्थ्य विभाग के द्वारा विदेश यात्रा पर गये लोगों की जानकारी भी संकलित नहीं कराया जाना आश्चर्य जनक ही माना जायेगा। इतना ही नहीं, विदेश जाने वालों या वापस आने के बाद प्रशासन को ताकीद किये जाने के संबंध में भी जिला जन संपर्क कार्यालय के माध्यम से एडवाईज़री जारी नहीं की गयी है। हो सकता है कि इस खबर के प्रकाशन के बाद प्रशासन जागे और इस तरह की एडवाईज़री जारी की जाये।

सूत्रों की मानें तो विदेश यात्रा से पिछले माह के अंत में स्वदेश लौटे इन परिवार के सदस्यों के द्वारा बिना किसी विध्न के अपने – अपने प्रतिष्ठान में काम आरंभ कर दिया गया था। इसके बाद जब प्रशासन की कुंभकर्णीय तंद्रा टूटी उसके बाद ऐहतियातन कदम उठा लिये गये हैं।

सूत्रों ने यह भी बताया कि इन तीनों परिवारों की निगरानी, समय – समय पर स्वास्थ्य परीक्षण और अन्य जाँचों के लिये विभिन्न दल बनाये गये हैं। इन तीनों परिवारों को कोरोना को लेकर एडवाईज़री से वाकिफ भी करा दिया गया है। इन परिवारों के सदस्यों पर एक पखवाड़े तक नज़र रखी जायेगी।

सूत्रों ने यह भी बताया कि एक पखवाड़े में कोरोना के लक्षण अगर इन सदस्यों में दिखायी नहीं दिये तो ये खतरे से बाहर माने जा सकते हैं। इसके अलावा अगर सर्दी खांसी अथवा कोरोना के अन्य लक्षण इन परिवार के सदस्यों में पाये जाते हैं तो परिवार के सदस्यों को डॉ.बांद्रे और डॉ.दीपक अग्निहोत्री को तत्काल ही दिखाये जाने की बात भी कही गयी है।

सूत्रों ने इस बात के संकेत भी दिये हैं कि इन परिवार के सदस्यों ने चिकित्सकों को यह भी बताया है कि उनके साथ यात्रा कर रहे देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के कुछ सदस्यों में कोरोना वायरस के लक्षण मिलने के बाद उन्हें मुंबई में रोक लिया गया था, पर इन लोगों में लक्षण नहीं पाये जाने पर इन्हें सिवनी जाने की इजाजत दे दी गयी थी।