भूकंप के झटकों ने उड़ाई रातों की नींद

(ब्‍यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)। जिला मुख्यालय व आसपास के क्षेत्रों में बीते कुछ दिनों से हो रही भूगर्भीय हलचल (भूकंप) के झटकों से शहरवासियों व ग्रामीणों की नींद उड़ चुकी है। भूकंप के भय के साए में लोग रात में सो भी नहीं पा रहे हैं। मंगलवार को दोपहर 12.37 बजे फिर भूकंप के झटके से डूंडासिवनी सहित शहर के अन्य इलाकों के लोग एक बार फिर दहल गए। देर रात करीब दो बजे भी हल्के झटके महसूस किए गए।

बार-बार हो रहे कंपन से नागरिक चिंतित नजर आ रहे हैं। शहर व आसपास के गांव छिड़िया, बरघाट के कुछ गांव में कंपन आने से लोगों में दहशत है। कलेक्टर डॉ राहुल हरिदास फटिंग ने 72 घंटे का अलर्ट जारी किया था। अलर्ट अवधि के बीच मंगलवार को दोपहर व सोमवार-मंगलवार की रात लोगों ने कंपन महसूस किया।

शहर व गांव के कुछ इलाकों में ज्यादा कंपन महसूस किए जाने के बाद लोगों ने बताया कि रात में घर के बाहर सोनेे मजबूर हैं। वही रात में ठीक तरीके से लोग सो भी नही पा रहे हैं। लोगों को घर मे जाने से डर लग रहा है। डूंडासिवनी निवासी नरेंद्र मिश्रा, मोहन तिवारी, रघुवीर यादव, गजानंद सिंह आदि ने बताया कि कई लोगों के घरों में बारीक दरारें आई हैं तो किसी के घरों में मोटी दरारें आई है। मकान के सभी कमरों की दीवारों में छोटी बड़ी दरार आने से मकान कमजोर हो गया है। ऐसी स्थिति में वह घर के अंदर बैठेने से भी डर रहे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी रात के समय हो रही है।

लोगों ने बताया कि देर रात तक लोग अपने घरों के सामने आंगन में ही बैठकर रात गुजारते हैं। छिड़िया गांव निवासी पदम मनसुख, सुलका बाई, अतुल सोनवाने, थानसिंह टेंभरे, अमृत टेंभरे, राकेश, विनोद आदि ने बताया कि गांव के घरों की दीवारों में मोटी दरार आने से मकान कमजोर हो गए हैं। जिसे लेकर ग्रामवासियों में काफी भय व्याप्त है। अब भी क्षेत्र के ज्यादातर लोग घर के आंगन में खटिया-पलंग बिछाकर रात काट रहे हैं।