मंदसौर शराब कांड को लेकर शिवराज हुए क्रोधित

(ब्यूरो कार्यालय)
भोपाल (साई)। मंदसौर में जहरीली शराब से कई लोगों की मौत हुई है। पिपल्या मंडी के जिस इलाके में घटना घटी है, वह वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा का क्षेत्र है। जहरीली शराब से हुई मौत को लेकर सरकार की फजीहत हो रही है। इसे लेकर सीएम शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan Meeting) ने भोपाल में आज बैठक बुलाई थी। बैठक के दौरान वित्त मंत्री और गृह मंत्री के साथ सभी वरीय अधिकारी मौजूद थे।

बैठक के दौरान सीएस, डीजीपी, पीएस गृह, पीएस आबकारी, एडीजी ईंट, ओएसडी मकरंद देउस्कर उपस्थित थे। इस दौरान मंदसौर के पीपल्यामंडी की घटना के संबंध पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने बैठक में कड़ी नाराजगी व्यक्त की है। अधिकारियों से सीएम ने पूरी घटना के बारे में जानकारी ली है। साथ ही उनसे पूछा है कि अभी तक मामले में क्या कार्रवाई हुई है। अधिकारियों को मंदसौर भेजा गया है। वहीं, सीएम ने कुछ उच्च अधिकारी को वहां भेजने के निर्देश दिए हैं।

सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि किसी भी दोषी को नहीं छोड़ा जाएगा। खबरों के अनुसार पड़ोस के राज्यों से सीमावर्ती जिलों में जहरीली शराब आ रही है। इसके रोकथाम के दिशा निर्देश दिए हैं। सीएम ने ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कुछ कड़े कानून बनाने के निर्देश दिए हैं।
गौरतलब है कि उज्जैन, भिंड, मुरैना और ग्वालियर के बाद मंदसौर में जहरीली शराब पीने से लोगों की मौत हुई है। इसके बाद प्रदेश में सियासी तापमान बढ़ गया है। कमलनाथ ने कहा है कि मंदसौर जिले के आबकारी मंत्री के क्षेत्र खंकराई गांव में जहरीली शराब से हुई मौतों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। बड़े शर्म की बात है कि मौत के इन आंकड़ों को और घटना को ही दबाने-छिपाने का काम किया जा रहा है।