कौन लगा रहा है सवारी गाड़ी चलने में अडंगा!

जबलपुर, घंसौर, नैनपुर, बालाघाट होकर गोंदिया जल्द ही चलने वाली थी सवारी गाड़ी
(आमित कौशल)
नई दिल्ली (साई)। जबलपुर से नैनपुर, बालाघाट के रास्ते गोंदिया तक सवारी गाड़ी चलने का मामला ठण्डे बस्ते की ओर बढ़ता दिख रहा है क्योंकि किसी महाबली के द्वारा रेलवे के अधिकारियों पर इस ट्रेक पर सवारी गाड़ी नहीं चलाए जाने के लिए दबाव बनाना आरंभ कर दिया गया है।
रेल भवन के उच्च पदस्थ सूत्रों ने समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया से चर्चा के दौरान कहा कि रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष के पास जब इस आशय के ट्वीट पहुंचना आरंभ किए कि जबलपुर से कटनी एवं जबलपुर से नरसिंहपुर वाले रेलखण्ड में कमर्शियल आपरेशन के तहत सवारी गाड़ियां चलाई जा रही हैं, किन्तु जब बात जबलपुर से नैनपुर बालाघाट होकर गोंदिया की बारी आती है तो यहां सवारी गाड़ी चलाए जाने में एक हजार बहाने बताए जा रहे हैं।
सूत्रों ने आगे बताया कि इस आशय के ट्वीट पहुंचने के बाद रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष सुनीत शर्मा के कार्यालय के द्वारा इसकी पड़ताल की गई और जब सारी बात सोलह आने सही पाई गईं तो उनकेे कार्यालय के द्वारा इस बात को रेलवे बोर्ड के चेयरमेन के समक्ष रखा गया। सूत्रों ने बताया कि देखा जाए तो मण्डला के सांसद एवं केंद्रीय राज्य मंत्री फग्गन सिंह कुलस्तेे तथा बालाघाट के सांसद डॉ. ढाल सिंह बिसेन को इस मामले में चेयरमेन से मिलना था किन्तु दोनों ही के द्वारा इस तरह की कोई कवायद नहीं की गई।
सूत्रों ने आगे बताया कि पिछले ब्रहस्पतिवार को ही रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष सुनीत शर्मा के इशारे पर उच्च स्तर पर कुछ सवारी गाड़ियों को जबलपुर से नैनपुर (इसमें घंसौर स्टाप नहीं था), बालाघाट होकर गोंदिया चलाए जाने की तैयारियों की रूपरेखा बनाना आरंभ किया गया था, कि अचानक ही शनिवार को महाकौशल अंचल के किसी महाबली के द्वारा रेलवे के उच्चाधिकारियों पर यह दबाव बनाना आरंभ कर दिया गया कि कोरोना की तीसरी लहर की संभावनाओं को देखते हुए फिलहाल जबलपुर से बालाघाट होकर गोंदिया सवारी गाड़ी न चलाई जाएं।
यहां यह उल्लेखनीय होगा कि बालाघाट, मण्डला और सिवनी जिले में अमान परिवर्तन में विलंब, नई रेलगाड़ियों को चलाने आदि को लेकर ब्राडगेज संघर्ष समिति के द्वारा लगातार ही जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। चर्चा है कि महाबली को यह भय सताने लगा है कि इसका श्रेय कहीं ब्राडगेज संघर्ष समिति को न चला जाए इसलिए इस तरह की कवायद की जा रही हो सकती है।
सूत्रों ने यह भी बताया कि महाकौशल की चिंता करने वाले छिंदवाड़ा के सांसद नकुल नाथ को भी उनके समर्थकों के द्वारा बालाघाट, मण्डला एवं सिवनी जिले में अमान परिर्वन में विलंब एवं सवारी गाड़ियों के परिचालन की जानकारी देने पर नकुल नाथ के द्वारा भी रेल्वे के आला अधिकारियों से इस बावत चर्चा की गई है।
(क्रमशः जारी)