बेंग्लुरू में कार्यक्रम की अनुमति न मिल पाने के बाद मुनव्वर फारूखी का छलका दर्द

(ब्यूरो कार्यालय)
इंदौर (साई)। बेंगलुरू पुलिस ने हिंदू दक्षिणपंथी संगठनों के प्रदर्शन के बीच रविवार को शहर में मुनव्वर फारूकी के ‘स्टैण्डअप हास्य कार्यक्रम’ को मंजूरी देने से इनकार कर दिया। दक्षिणपंथी संगठनों ने आरोप लगाया है कि फारूकी ने अपने एक कार्यक्रम में हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाया था। पुलिस के इनकार के बाद फारूकी ने एक बयान जारी कर कहा है कि वे अब कोई कार्यक्रम नहीं करेंगे।

फारूकी पर इस साल जनवरी में मध्य प्रदेश के इंदौर में हिंदू देवी-देवताओं और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर अभद्र टिप्पणियां करने का आरोप लगा था। इसके बाद उन्हें इंदौर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। फारूकी पर पहले भी हिंदू देवी-देवताओं के अपमान करने का आरोप लग चुका है।

बेंगलुरू पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘‘हां, हमने अनुमति देने से इनकार कर दिया है। वह रविवार को किसी भी सार्वजनिक कार्यक्रम में प्रस्तुति नहीं देंगे।’’
फारूकी ने सोशल मीडिया पर एक बयान जारी कर बताया है कि ‘‘आयोजन स्थल पर तोड़फोड़ की धमकियों’’ के चलते बेंगलुरू में उनके कार्यक्रम को रविवार को रद्द कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के लिए 600 से अधिक टिकट बिक गई थी। स्टैंड अप कॉमेडियन ने कहा, ‘‘मेरा नाम मुनव्वर फारुकी है। और मेरा समय आ गया है, आप लोग शानदार दर्शक थे। अलविदा। मैंने छोड़ दिया है।’’ उन्होंने बताया है कि पिछले दो महीने में उन्हें धमकियों के चलते अपने 12 शो कैंसिल करने पड़े। उन पर हिंदू देवी-देवताओं का मजाक उड़ाने का आरोप लगा है जबकि उन्होंने ऐसा कुछ किया ही नहीं। उन्होंने अंत में लिखा- नफरत जीत गई, आर्टिस्ट हार गया।

बेंगलुरू में होने वाले इस कार्यक्रम से मिलने वाली धनराशि दिवंगत कन्नड़ अभिनेता पुनीत राजकुमार के चैरिटेबल संगठन को दान की जानी थी। फारूकी को मोहम्मद जीशान अयूब और स्वरा भास्कर जैसे कलाकारों का समर्थन मिला है। अयूब ने हास्य कलाकार से उम्मीद नहीं छोड़ने का अनुरोध किया। भास्कर ने घटनाक्रम को ‘‘दिल तोड़ने वाला और शर्मनाक’’ बताया। फारूकी ने रविवार शाम ‘डोंगरी टू नोव्हेयर’ प्रस्तुति देने की योजना बनायी थी। नयी दिल्ली के कर्टेन्स कॉल्स इवेंट के विशाल धूरिया और सिद्धार्थ दास ने बेंगलुरू में इस कार्यक्रम का आयोजन किया था।

बहरहाल, श्रीराम सेना और हिंदू जनजागृति समिति समेत विभिन्न दक्षिणपंथी संगठनों ने हास्य कलाकार के खिलाफ बेंगलुरू के पुलिस आयुक्त को शिकायत दी थी। उन्होंने हास्य कलाकार पर हिंदू देवी-देवताओं का कथित तौर पर अपमान करके हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया है।

बेंगलुरू में अशोकानगर पुलिस थाने के निरीक्षक ने शनिवार को कार्यक्रम के आयोजकों को एक पत्र लिखकर उनसे कार्यक्रम रद्द करने को कहा क्योंकि हास्य कलाकार एक विवादास्पद शख्स है। निरीक्षक ने अपने पत्र में कहा, ‘‘ऐसा समझा जाता है कि मुनव्वर फारूकी विवादित शख्स हैं…कई राज्यों ने उनके हास्य कार्यक्रमों पर प्रतिबंध लगाया हुआ है। मध्य प्रदेश के इंदौर में तुकोजी पुलिस थाने में उनके खिलाफ एक मामला दर्ज है।’’ उन्होंने कहा कि कई संगठन उनके कार्यक्रम का विरोध कर रहे हैं। इस कार्यक्रम से अशांति पैदा हो सकती है, शांति और सौहार्द्र भंग हो सकता है तथा कानून-व्यवस्था की स्थिति पैदा हो सकती है। पत्र में लिखा गया है, ‘‘इसलिए, ऐसा सुझाव दिया जाता है कि आपको फारूकी का स्टैण्डअप हास्य कार्यक्रम रद्द कर देना चाहिए।’’

इंदौर पुलिस ने धार्मिक भावनाओं को कथित तौर पर आहत करने के मामले में फारुकी को इस साल गिरफ्तार किया था और वह करीब एक महीने तक जेल में रहे थे। उन्हें मामले में उच्चतम न्यायालय से जमानत मिलने के बाद सात फरवरी को इंदौर केंद्रीय कारागार से रिहा किया गया था। भारतीय जनता पार्टी के एक विधायक की शिकायत पर एक जनवरी को फारूकी और चार अन्य लोगों को गिरफ्तार किया गया था। उनके खिलाऱ शिकायत की गई थी कि नववर्ष पर इंदौर में एक कैफे में हास्य कार्यक्रम के दौरान हिंदू देवी- देवताओं और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं।