महाकुंभ मेले में बच्चों के साथ जा रहे हैं? इन टिप्स को जरूर पढ़ें

(प्रीति भोसले)

महाकुंभ नगर (साई)। 12 साल में एक बार लगने वाला महाकुंभ मेला इस बार उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में 13 जनवरी से 26 फरवरी तक आयोजित किया जा रहा है। दुनिया भर से लाखों श्रद्धालु इस पवित्र आयोजन में शामिल होने आते हैं। अगर आप भी अपने बच्चों के साथ महाकुंभ मेले में जाने की योजना बना रहे हैं, तो कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद ज़रूरी है।

महाकुंभ मेले में बच्चों की सेहत को लेकर क्यों रहती है चिंता?

महाकुंभ मेले में भीड़ बहुत होती है। इस भीड़भाड़ के कारण बच्चों को कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं, जैसे:

संक्रमण: भीड़भाड़ वाली जगहों पर बैक्टीरिया और वायरस तेजी से फैलते हैं।

पाचन संबंधी समस्याएं: अस्वच्छ भोजन और पानी के कारण बच्चों को दस्त, उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

गर्मी: गर्मी के मौसम में लंबे समय तक धूप में रहने से बच्चों को हीट स्ट्रोक हो सकता है।

थकान: लगातार चलने-फिरने से बच्चे थक जाते हैं और बीमार होने की संभावना बढ़ जाती है।

महाकुंभ मेले में बच्चों की सेहत का ध्यान रखने के टिप्स

पानी जरूर पिलाएं: बच्चों को नियमित रूप से पानी पिलाते रहें। आप उनके साथ एक पानी की बोतल रख सकते हैं।

स्वच्छ भोजन: बच्चों को केवल स्वच्छ और पका हुआ भोजन ही खिलाएं। बाहर के खाने से बचें।

हाथों को साफ रखें: बच्चों को बार-बार हाथ धुलवाएं, खासकर भोजन करने से पहले और शौचालय जाने के बाद।

सनस्क्रीन लगाएं: धूप से बचाने के लिए बच्चों को सनस्क्रीन लगाएं।

ढीले कपड़े पहनाएं: बच्चों को सूती और ढीले कपड़े पहनाएं ताकि उन्हें गर्मी न लगे।

टोपी पहनाएं: धूप से बचाने के लिए बच्चों को टोपी पहनाएं।

पहचान वाली पट्टी: बच्चों को पहचान वाली पट्टी पहनाएं, जिस पर आपका नाम और संपर्क नंबर लिखा हो।

फर्स्ट एड किट: एक छोटा सा फर्स्ट एड किट अपने साथ रखें, जिसमें आवश्यक दवाइयां और अन्य सामग्री हो।

छायादार जगह चुनें: भीड़भाड़ वाली जगहों से बचें और छायादार जगहों पर ही बैठें।

बच्चों को नज़र रखें: बच्चों को कभी भी अकेला न छोड़ें।

अतिरिक्त सुझाव

पर्याप्त नींद: सुनिश्चित करें कि बच्चों को रात को पर्याप्त नींद मिले।

हल्का नाश्ता: बच्चों को नियमित रूप से हल्का नाश्ता दें।

मच्छरदानी: मच्छरों से बचाव के लिए मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।

स्वास्थ्य केंद्र: मेले में स्थित स्वास्थ्य केंद्रों के बारे में जानकारी रखें।

पुलिस मदद: किसी भी आपात स्थिति में पुलिस की मदद लें।

महाकुंभ मेला एक पवित्र और आध्यात्मिक अनुभव है। लेकिन बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी उतना ही ज़रूरी है। इन टिप्स को फॉलो करके आप अपने बच्चों को एक सुरक्षित और सुखद अनुभव दे सकते हैं।

प्रीति भौसले

लंबे समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं प्रीति भोसले, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, दिल्ली आदि में पत्रकारिता करने के साथ ही समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया से जुड़ी हुई हैं, प्रीति भोसले .... समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया देश की पहली डिजीटल न्यूज एजेंसी है. इसका शुभारंभ 18 दिसंबर 2008 को किया गया था. समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया में देश विदेश, स्थानीय, व्यापार, स्वास्थ्य आदि की खबरों के साथ ही साथ धार्मिक, राशिफल, मौसम के अपडेट, पंचाग आदि का प्रसारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाता है. इसके वीडियो सेक्शन में भी खबरों का प्रसारण किया जाता है. यह पहली ऐसी डिजीटल न्यूज एजेंसी है, जिसका सर्वाधिकार असुरक्षित है, अर्थात आप इसमें प्रसारित सामग्री का उपयोग कर सकते हैं. अगर आप समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया को खबरें भेजना चाहते हैं तो व्हाट्सएप नंबर 9425011234 या ईमेल samacharagency@gmail.com पर खबरें भेज सकते हैं. खबरें अगर प्रसारण योग्य होंगी तो उन्हें स्थान अवश्य दिया जाएगा.